
रक्षा मंत्रालय ने बताया कि 76वें गणतंत्र दिवस समारोह की परेड देखने के लिए 10000 विशेष अतिथियों को आमंत्रित किया गया है। इनमें पैरालिंपिक दल के सदस्य बेहतर प्रदर्शन करने वाले गांवों के सरपंच हथकरघा कारीगर और वन एवं वन्यजीव संरक्षण कार्यकर्ता शामिल हैं। साथ ही मंत्रालय ने कहा कि इन विशेष अतिथियों को विभिन्न क्षेत्रों से चुना गया है।
दस हजार विशेष अतिथियों को आमंत्रित किया गया
रक्षा मंत्रालय ने एक बयान में कहा- ”विविध पृष्ठभूमि वाले स्वर्णिम भारत के इन निर्माताओं में विभिन्न क्षेत्रों में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले और सरकार की योजनाओं का सर्वोत्तम उपयोग करने वाले लोग शामिल हैं। राष्ट्रीय महत्व के आयोजनों में जनभागीदारी बढ़ाने के उद्देश्य से लगभग दस हजार विशेष अतिथियों को गणतंत्र दिवस परेड देखने के लिए निमंत्रण भेजा गया है।”
विशेष अतिथियों को विभिन्न क्षेत्रों से चुना गया
मंत्रालय ने कहा कि इन विशेष अतिथियों को विभिन्न क्षेत्रों से चुना गया है। इनमें 31 श्रेणियां शामिल हैं मसलन: सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले गांवों के सरपंच, आपदा राहत कार्यकर्ता, सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले जल योद्धा, वाईब्रेंट विलेजों के अतिथि, पूर्वोत्तर राज्यों के अतिथि, सर्वश्रेष्ठ पेटेंट धारक, सर्वश्रेष्ठ स्टार्ट-अप, सड़क निर्माण श्रमिक आदि।
विशेष आमंत्रितों में हथकरघा कारीगर, पैरालिंपिक दल के सदस्य और वन एवं वन्यजीव संरक्षण कार्यकर्ता भी शामिल हैं। इनके अलावा शतरंज ओलंपियाड पदक विजेता, ब्रिज वर्ल्ड गेम्स रजत पदक विजेता और स्नूकर विश्व चैंपियनशिप स्वर्ण पदक विजेता को विशेष अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया है। इन्होंने अपने प्रदर्शन से देश को गौरवान्वित किया है।बयान में कहा गया है कि जिन सरपंचों/ प्रधानों के गांवों ने चुनिंदा सरकारी पहलों में लक्ष्य हासिल किए हैं, उन्हें आमंत्रित किया गया है।
प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग द्वारा इसको लेकर पंचायतों के बीच एक राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता कराई गई थी। इसमें कहा गया है कि जिन लोगों को विशेष अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया है, उनमें से कुछ स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से आय और रोजगार सृजन तथा पर्यावरण संरक्षण सुनिश्चित करने के लिए अनुकरणीय कार्य कर रहे हैं।
अतिथियों को विभिन्न मंत्रियों से बातचीत करने का भी अवसर मिलेगा
इसके अलावा पीएम-जनमन (प्रधानमंत्री जनजाति आदिवासी न्याय महा अभियान) मिशन के प्रतिभागियों, आदिवासी कारीगरों, वन धन विकास योजना के सदस्यों, राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति वित्त और विकास निगम के उद्यमों, आशा कार्यकर्ताओं, मायभारत स्वयंसेवकों को भी आमंत्रित किया गया है।गणतंत्र दिवस समारोह में शामिल होने के अलावा ये विशेष अतिथि राष्ट्रीय युद्ध स्मारक, प्रधानमंत्री संग्रहालय और दिल्ली के अन्य प्रमुख स्थानों का दौरा करेंगे। उन्हें विभिन्न मंत्रियों से बातचीत करने का भी अवसर मिलेगा।








