
बीजापुर एसपी जितेंद्र यादव ने बताया कि मद्देड़ थाना क्षेत्र में आज हुए IED ब्लास्ट में STF के दो जवान घायल हो गए। नक्सलियों ने सुरक्षाकर्मियों को ले जा रहे वाहनों को निशाना बनाया। वहीं नारायणपुर में नक्सली विरोधी अभियान के दौरान पांच किलो वजनी आईईडी बम को सुरक्षा मानक का पालन करते हुए मौके पर ही नष्ट कर दिया गया।
विवार को छत्तीसगढ़ के बीजापुर में नक्सलियों ने सुरक्षाकर्मियों के वाहनों को निशाना बनाया। नक्सलियों द्वारा किए गए आईईडी ब्लास्ट में एसटीएफ के दो जवान घायल हो गए हैं।
सरकार की ओर से चलाये जा रहे, नियद नेल्ला नार योजना से प्रभावित होकर एओबी डिवीजन पार्टी सदस्य,टीएससी तेलंगाना स्टेट कमेटी सहित गंगालूर एरिया कमेटी एवं पामेड़ एरिया कमेटी के कुल 22 नक्सलियों ने 23 मार्च को पुलिस डीआईजी केरिपु देवेन्द्र सिंह नेगी,एसपी डॉ जितेन्द्र कुमार यादव, कमांडेंट 222 विरेन्द्र सिंह समेत अन्य अधिकारियों के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया है।
समर्पित नक्सलियों पर विभिन्न थानों में कई गंभीर अपराध दर्ज हैं। बाक्स नियदनेल्लानार के चलते लगातार समर्पण नियद नेल्लानार योजना के कारण कई माओवादी आत्मसमर्पण कर रहे हैं। यह योजना नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में शांति और विकास को बढ़ावा देने के लिए बनाई गई है। इस योजना के तहत, आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों को विभिन्न सुविधाएं प्रदान की जाती हैं।
नक्सल हिंसा से प्रभावित लोगों के लिए भी राहत और पुनर्वास की व्यवस्था की जाती है। यह योजना नक्सलियों को आत्मसमर्पण करने और समाज की मुख्यधारा में शामिल होने के लिए प्रोत्साहित कर रही है। इसके परिणाम स्वरूप कई नक्सली आत्मसमर्पण कर रहे हैं। समाज में शांतिपूर्ण जीवन जीने की दिशा में कदम बढ़ा रहे हैं।
नक्सलियों द्वारा आत्मसमर्पण के पीछे जिले में हो रहे विकास कार्य, तेजी से बनती सड़कें, गावों तक पहुंचती विभिन्न सुविधाएं बड़े कारण रहे हैं। संगठन के विचारों से मोहभंग एवं मिली निराशा, संगठन के भीतर बढ़ते आंतरिक मतभेद इनके आत्मसमर्पण का बहुत बड़ा कारण है।
Author: Red Max Media
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