पाकिस्तान में हड़कंप, तहरीक-ए-लब्बैक द्वारा प्रदर्शन में काफी हिंसा

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पाकिस्तान में हड़कंप, तहरीक-ए-लब्बैक द्वारा प्रदर्शन में काफी हिंसा

गाजा के शांति प्लान को लेकर पाकिस्तान की कट्टरपंथी पार्टी तहरीक-ए-लब्बैक (TLP) प्रदर्शन करने उतरी थी लेकिन ये प्रदर्शन हिंसा की भेंट चढ़ गया। इसमें बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी और पुलिसकर्मी मारे गए हैं। TLP चीफ साद रिजवी को 3 गोली लगीं, 250 टीएलपी कार्यकर्ताओं और 48 पुलिसकर्मियों की मौत की खबर है।

पाकिस्तान में कट्टरपंथी पार्टी तहरीक-ए-लब्बैक पाकिस्तान (TLP) के द्वारा चलाए गए विरोध प्रदर्शन के दौरान जमकर हिंसा हुई है। इस दौरान TLP कार्यकर्ताओं पर भी फायरिंग हुई है और खुद TLP चीफ साद रिजवी को गोली लगने की खबर है। सूत्रों का कहना है कि टीएलपी चीफ मौलाना साद रिजवी को 3 गोली मारी गई हैं। साद रिजवी के भाई अनस को भी गोली लगने की खबर है।

250 TLP कार्यकर्ताओं और 48 पुलिसकर्मियों की मौत की खबर

फायरिंग में 250 TLP कार्यकर्ताओं की मौत का दावा किया गया है। इसके अलावा प्रदर्शनकारियों के हमलों में 48 पुलिसकर्मियों की भी मौत हुई है।

पाकिस्तान में क्यों हुई हिंसा?

गाजा के शांति प्लान के खिलाफ पाकिस्तान की कट्टरपंथी पार्टी तहरीक-ए-लब्बैक यानी TLP ने जोरदार प्रदर्शन शुरू किया। इसी दौरान प्रदर्शनकारियों और पाकिस्तानी रेंजर्स के बीच जमकर खूनखराबा हुआ। अब ये मामला पूरी दुनिया में चर्चा का विषय बना हुआ है।

दरअसल TLP चीफ साद रिजवी ने गाजा पीस डील के खिलाफ इस्लामाबाद में अमेरिका की एंबेसी के सामने धरना देने का एलान किया था और समर्थकों का हुजूम लेकर लाहौर से इस्लामाबाद रवाना हुए। रास्ते में पाकिस्तान सरकार ने कंटेनर लगाकर उनको रोक दिया तो साद रिजवी भी एक कंटेनर पर डेरा जमाकर बैठ गए।

इस धरने की वजह से इस्लामाबाद से लाहौर का रूट बंद हो गया। इसके बाद शहबाज शरीफ की हुकूमत ने रेंजर्स और पंजाब सूबे की पुलिस को किसी भी कीमत पर हाईवे खुलवाने का हुक्म दिया। साद रिजवी और उनके सपोर्टर्स को हाइवे से हटाने का आदेश दिया गया। नतीजा ये हुआ कि धरने पर बैठ प्रोटेस्टर्स पर फायरिंग होने लगी और तड़ातड़ गोलियां चलने लगीं।

पाकिस्तान रेंजर्स की फायरिंग में पूरा इलाका गोलियों से गूंज उठा और बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी मारे गए। इस दौरान पुलिसकर्मियों की भी मौत की खबर सामने आई है।

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Author: Red Max Media

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