
ऑपरेशन सिंदूर के बाद बीएसएफ के अधिकारियों ने आज प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया। इस दौरान एक अधिकारी ने कहा कि सीमा पार आतंकवादी एक बार फिर अपने लॉन्चपैड पर लौटने लगे हैं। ऐसे में हमें सतर्क रहना होगा।
बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स यानी बीएसएफ के अधिकारियों ने आज प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान बीएसएफ आईजी जम्मू शशांक आनंद ने कहा, “हमें आतंकवादियों के अपने लॉन्चपैड्स और शिविरों में लौटने और एलओसी और आईबी पर संभावित घुसपैठ के बारे में कई इनपुट मिल रहे हैं। सुरक्षा बलों को सतर्क रहना होगा।” ऑपरेशन सिंदूर के बारे में बीएसएफ आईजी जम्मू शशांक आनंद ने कहा, “बीएसएफ की महिला कर्मियों ने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान अग्रिम ड्यूटी चौकियों पर लड़ाई लड़ी। हमारी बहादुर महिला कर्मियों, सहायक कमांडेंट नेहा भंडारी ने एक अग्रिम चौकी की कमान संभाली, कांस्टेबल मंजीत कौर, कांस्टेबल मलकीत कौर, कांस्टेबल ज्योति, कांस्टेबल सम्पा और कांस्टेबल स्वप्ना और अन्य ने इस ऑपरेशन के दौरान पाकिस्तान के खिलाफ अग्रिम चौकियों पर लड़ाई लड़ी।”
ऑपरेशन सिंदूर के बाद बीएसएफ के अधिकारियों की प्रेस कॉन्फ्रेंस
उन्होंने बताया कि पाकिस्तान द्वारा बीएसएफ चौकियों पर ड्रोन हमले और गोलाबारी में हमने बीएसएफ के सब-इंस्पेक्टर मोहम्मद इम्तियाज, कांस्टेबल दीपक कुमार और भारतीय सेना के नायक सुनील कुमार को खो दिया। हम अपने दो पोस्ट का नाम अपने खोए हुए कर्मियों के नाम पर रखने का प्रस्ताव रखते हैं और एक पोस्ट का नाम ‘सिंदूर’ रखने का प्रस्ताव रखते हैं।” इसके अलावा ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान के आतंकी लॉन्च पैड पर बीएसएफ की कार्रवाई पर बीएसएफ के डीआईजी आरएस पुरा सेक्टर, चित्र पाल ने कहा, ”9 मई को पाकिस्तान ने हमारी कई चौकियों को निशाना बनाया। सबसे पहले उन्होंने फ्लैट ट्रैजेक्टरी हथियार और मोर्टार से हमारी चौकियों को निशाना बनाना शुरू किया। उन्होंने हमारे एक गांव अब्दुलियान को भी निशाना बनाया। हमारे बीएसएफ जवानों ने उन्हें मुंहतोड़ जवाब दिया। जब उन्होंने गोलीबारी कम की, तो उन्होंने ड्रोन गतिविधि बढ़ा दी। जवाब में, बीएसएफ ने पाकिस्तानी आतंकी लॉन्च पैड मस्तपुर को निशाना बनाया और उसे नष्ट कर दिया।”
अधिकारी बोले- पाकिस्तान हमले का दिया मुंहतोड़ जवाब
इसके अलावा सुंदरबनी सेक्टर के बीएसएफ डीआईजी वरिंदर दत्ता ने कहा, “8 मई को हमें सूचना मिली थी कि सीमा पार पाकिस्तान के लूनी आतंकी लॉन्च पैड पर 18 से 20 आतंकवादी मौजूद हैं और वे यहां घुसपैठ कर सकते हैं। लेकिन हमने हमला करके उन्हें चौंका दिया, जिससे भारी नुकसान हुआ है।” बीएसएफ डीआईजी एसएस मंड ने कहा, “8 मई 2025 को हमारी सर्विलांस ने सीमा की ओर आ रहे 40-50 लोगों की गतिविधि का पता लगाया। हमने एहतियाती हमले किए। इसके तुरंत बाद, पाकिस्तान ने बीएसएफ बीओपी पर गोलीबारी शुरू कर दी, जिसका हमने अच्छी तरह से जवाब दिया। इनपुट बताते हैं कि हमारे द्वारा किए गए हमले में कई आतंकवादी, उनके समर्थक, रेंजर्स और अधिकारी घायल हुए हैं।” आईजी बीएसएफ जम्मू शशांक आनंद ने कहा, “9 मई को अखनूर के पास के इलाकों में पाकिस्तान ने बिना उकसावे के गोलीबारी की। 9-10 मई को पाकिस्तान ने अखनूर की सीमा पर भारी गोलीबारी की। बीएसएफ ने योजनाबद्ध तरीके से पाकिस्तान के लूनी आतंकी लॉन्च पैड को निशाना बनाया।”








