
उत्तर प्रदेश में एक बार फिर से तबादला एक्सप्रेस चली है। महानिरीक्षक (IG) स्टांप समीर वर्मा को हटा दिया गया है और उन्हें वेटिंग लिस्ट में डाल दिया गया है।
उत्तर प्रदेश में तबादला सत्र के दौरान भ्रष्टाचार के आरोप के बाद दो IAS अधिकारी हटाए गए हैं। तबादला सत्र में अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के चलते योगी सरकार ने बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई करते हुए दो वरिष्ठ अफसरों को पद से हटा दिया है। आइए जानते हैं कि किन अफसरों के तबादले किए गए हैं और उनकी जगह पर किन अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गयी है।
किन अधिकारियों पर हुआ एक्शन?
उत्तर प्रदेश के आईजी स्टाम्प समीर वर्मा को हटाकर वेटिंग लिस्ट में डाला गया है। सरकार की ओर से अब प्रमुख सचिव अमित गुप्ता को आईजी स्टाम्प का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। स्वास्थ्य विभाग में निदेशक प्रशासन भवानी सिंह खंगारौत को भी सरकार ने तत्काल प्रभाव से हटा दिया है। उन्हें भी वेटिंग लिस्ट में डाला गया है। अब आर्यका अखौरी को निदेशक प्रशासन स्वास्थ्य विभाग का चार्ज दिया गया है।

| अधिकारी | प्रभार |
| समीर वर्मा, महानिरीक्षक, निबंधन, उत्तर प्रदेश | प्रतीक्षारत |
| अमित गुप्ता, प्रमुख सचिव, स्टाम्प एवं रजिस्ट्रेशन तथा परिवहन विभाग, उत्तर प्रदेश शासन एवं अध्यक्ष, उ०प्र० राज्य सड़क परिवहन निगम। | वर्तमान पद के साथ महानिरीक्षक, निबंधन, उत्तर प्रदेश के पद का अतिरिक्त प्रभार। |
| भवानी सिंह खंगारौत, निदेशक (प्रशासन), चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवायें, उत्तर प्रदेश | प्रतीक्षारत |
| आर्यका अखौरी, विशेष सचिव, चिकित्सा, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, उत्तर प्रदेश शासन। | वर्तमान पद के साथ निदेशक (प्रशासन), चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवायें, उत्तर प्रदेश के पद का अतिरिक्त प्रभार। |
सीएम योगी ने क्यों लिया एक्शन?
योगी आदित्यनाथ सरकार की ओर से उत्तर प्रदेश में स्टांप एवं पंजीयन विभाग के सभी तबादले निरस्त कर दिए गए हैं। मुख्यमंत्री योगी के आदेश पर 202 तबादले निरस्त हुए हैं। जानकारी के मुताबिक, तबादलों में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार और अनियमितता के आरोप लगे थे। स्वास्थ्य विभाग और स्टांप पंजीयन तबादलों को लेकर सवाल भी उठे थे।








