
बिहार चुनाव के लिए नामांकन की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। उसके बाद एनडीए और महागठबंधन में सियासी घमासान मचा है। बांका के बेलहर सीट से जदयू सांसद के बेटे ने राजद ज्वाइन कर लिया है।
बिहार विधानसभा चुनाव की सरगर्मी के बीच बांका जिले की बेलहर विधानसभा सीट सियासी हलचलों का केंद्र बनती जा रही है। वर्तमान में जदयू विधायक मनोज यादव के कब्जे वाली यह सीट अब राजनीतिक समीकरणों के लिहाज से बेहद दिलचस्प हो गई है। इस सीट पर सियासी घमासान मचना तय हो गया है। इस सीट के लिए बांका के मौजूदा नीतीश कुमार की जदयू के सांसद गिरधारी यादव के छोटे पुत्र चाणक्य प्रकाश रंजन ने शुक्रवार को तेजस्वी यादव की राष्ट्रीय जनता दल (राजद) का दामन थाम लिया है। चाणक्य प्रकाश रंजन का तेजस्वी यादव के साथ एक फोटो भी वायरल हो रहा है।
कौन हैं जदयू सांसद के बेटे चाणक्य
चाणक्य प्रकाश इन दिनों अपने पिता गिरधारी यादव के साथ प्रतिदिन बेलहर विधानसभा क्षेत्र में लगातार सक्रिय देखे जा रहे हैं। बता दें कि चाणक्य बचपन से लंदन में रहकर पढ़ाई करते थे और तीन महीने पहले ही वो बांका लौट आए हैं और बिहार की सियासत में सक्रिय हो गए हैं। पिता के साथ चाणक्य गांव-गांव में समर्थकों और कार्यकर्ताओं की टोली के साथ जनसंपर्क कर रहे हैं। हालांकि गिरधारी यादव खुद जदयू के सासंद हैं, लेकिन पुत्र को RJD से चुनावी मैदान में उतारने की तैयारियों से राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं तेज हो गई हैं।
जदयू और राजद में कड़ा मुकाबला
बांका की बेलहर सीट पर अब त्रिकोणीय मुकाबले पर दिख रहा है, बेलहर सीट पर अब मुकाबला रोचक हो सकता है। एक ओर जहां मौजूदा विधायक मनोज यादव फिर से जदयू से टिकट के प्रबल दावेदार हैं, वहीं दूसरी ओर राजद से चाणक्य प्रकाश की दावेदारी समीकरणों को बदल सकती है। ऐसे में यहां एक त्रिकोणीय मुकाबले की संभावना जताई जा रही है। राजनीतिक विश्लेषकों की मानें तो गिरधारी यादव की क्षेत्र में पकड़, पुत्र की युवा छवि और जातीय समीकरणों का फायदा चाणक्य प्रकाश को मिल सकता है। वहीं, जदयू के लिए यह सीट अब पहले जैसी आसान नहीं रह गई है।








