
पहलगाम आतंकी हमले को लेकर देश की सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हैं। इस बीच देश के कई राज्यों में मॉक ड्रिल करने का आदेश दिया गया है। राजधानी दिल्ली में इसको लेकर खास तैयारी की जा रही हैं।
पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के मध्य बढ़ते तनाव के बीच गृह मंत्रालय की ओर से ‘मॉक ड्रिल’ का निर्देश दिया गया है। दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने सभी डीसीपी से तैयारियों के लिए विस्तृत योजना तैयार करने को कहा है। सूत्रों ने कहा कि पुलिस उपायुक्तों (डीसीपी) ने राष्ट्रीय राजधानी में गश्त तेज करने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के साथ बैठकें शुरू कर दी हैं।
पुलिस अधिकारी कर रहे बैठक
एक सूत्र ने कहा, ‘हमने शहर में दिन और रात की गश्त बढ़ा दी है। हमने हरियाणा और उत्तर प्रदेश से लगती सीमाओं पर पुलिसकर्मियों के साथ अर्धसैनिक बलों को भी तैनात किया है। शहर में सुरक्षा पहले ही बढ़ा दी गई है। सभी डीसीपी अपने जिलों में व्यवस्थाओं की व्यक्तिगत रूप से निगरानी कर रहे हैं। वे सहायक पुलिस आयुक्तों (एसीपी) और थाना प्रभारियों (एसएचओ) के साथ बैठकें कर रहे हैं।’
राजधानी के इन इलाकों में बढ़ाया गया गश्त
सूत्र के मुताबिक, चौबीसों घंटे निगरानी सुनिश्चित करने के लिए पैदल गश्त को काफी हद तक बढ़ा दिया गया है, खासकर शाम और रात के समय गश्त को बढ़ाया गया है। सूत्र ने कहा कि कनॉट प्लेस, इंडिया गेट, जनपथ, यशवंत पैलेस, गोल मार्केट जैसे महत्वपूर्ण स्थानों और अहम प्रतिष्ठानों के लिए विशेष गश्ती इकाइयों को तैनात किया गया है।
इन इलाकों में होगी खास जांच
सूत्र के अनुसार, ‘मॉक ड्रिल के दौरान टीम बम निरोधक दस्ते (BDS) और श्वान दस्तों की तैनाती सुनिश्चित करेंगी। टीम पालिका बाजार, जनपथ, खान मार्केट और सरकारी भवनों के पास अधिक भीड़-भाड़ वाले क्षेत्रों में लगातार विध्वंस-रोधी जांच करेंगी।’
प्राइवेट सुरक्षा गार्डों के साथ की जा रही बैठकें
उसने कहा, ‘रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWA), बाजार कल्याण संघों (MWA), नागरिक सुरक्षा समितियों के सदस्यों के साथ-साथ महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों पर तैनात निजी सुरक्षा गार्डों के साथ बैठकें की जा रही हैं। वे बहुत महत्वपूर्ण हैं और उनसे किसी भी चिंताजनक स्थिति में तुरंत वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से संपर्क करने के लिए कहा गया है।’








