
अस्पताल में नौकरी का लालच देकर बांग्लादेशी महिलाओं को मुंबई लाया गया और देह व्यापार में धकेला गया। मालवणी पुलिस ने ऐसी 14 बांग्लादेशी महिलाओं का रेस्क्यू किया है।
महाराष्ट्र: मुंबई की मालवणी पुलिस ने हाल ही में एक सेक्स रैकेट का पर्दाफाश किया था और मौके से तीन बांग्लादेशी महिला नागरिक को रेस्क्यू किया था। अब जांच में सामने आया है कि मेडिकल सेक्टर में नौकरी का लालच देकर उन्हें बांग्लादेश से मुंबई लाया गया और फिर जबरन देह व्यापार में धकेल दिया गया। पुलिस ने इस मामले में 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
दरअसल, मालवणी पुलिस ने कुछ दिनों पहले एक सेक्स रैकेट का भंडाफोड़ किया था, जहां से तीन बांग्लादेशी महिलाओं को बचाया गया था। इन महिलाओं से पूछताछ में पता चला कि उन्हें मेडिकल सेक्टर में नौकरी का लालच देकर देह व्यापार में धकेला गया है। इस जानकारी के आधार पर पुलिस ने एक बड़ी जांच शुरू की, जिससे एक बड़े अंतरराष्ट्रीय रैकेट का पर्दाफाश हुआ।
नौकरी का झांसा, अवैध घुसपैठ
पुलिस के अनुसार, बचाई गई महिलाएं बांग्लादेश के गरीब परिवारों से ताल्लुक रखती हैं और अपने परिवार का भरण-पोषण करने के लिए काम की तलाश में थीं। आरोपियों ने इसी मजबूरी का फायदा उठाया और उन्हें मुंबई के अस्पतालों में नौकरी दिलाने का झूठा वादा किया। पिछले महीने इन महिलाओं को अवैध तरीके से भारत-बांग्लादेश अंतरराष्ट्रीय सीमा पार कराकर मुंबई लाया गया था।
फर्जी आधार कार्ड और गिरफ्तारी
मुंबई पहुंचने के बाद इन महिलाओं को अपनी बांग्लादेशी पहचान छिपाने के लिए फर्जी आधार कार्ड उपलब्ध कराए गए और फिर उन्हें जबरन देह व्यापार में धकेल दिया गया। मालवणी पुलिस ने विशेष सूचना पर कार्रवाई करते हुए विभिन्न स्थानों पर छापे मारे और कुल 14 बांग्लादेशी महिलाओं का रेस्क्यू किया। इस रैकेट में शामिल 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जिन पर तस्करी, शोषण और फर्जी दस्तावेज उपलब्ध कराने का आरोप है।








