बिहार में लोग स्वास्थ्य विभाग की लचर व्यवस्था से त्रस्त

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

बिहार में लोग स्वास्थ्य विभाग की लचर व्यवस्था से त्रस्त

मधुबनी: 90 साल की महिला को नहीं मिली एंबुलेंस, ई-रिक्शा में ऑक्सीजन सिलेंडर रखकर अस्पताल से ले गए परिजन

बिहार में स्वास्थ्य स्वास्थ्य विभाग की लचर व्यवस्था और स्वास्थ्य कर्मियों की लापरवाही के कारण मरीज को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मरीजों के परिजन कभी कंधे पर तो कभी खटिया पर तो कभी ठेला पर मरीज को लेकर अस्पताल पहुंचते हैं। रविवार (16 मार्च) को भी ऐसा ही नजारा देखने को मिला। मधुबनी के सदर अस्पताल से 90 साल की महिला को एंबुलेंस तक नहीं मिली। ऐसे में उनके परिजन उन्हें ई-रिक्शा में ऑक्सीजन सिलेंडर के साथ लेकर अस्पताल से घर पहुंचे।

90 वर्षीय बुजुर्ग महिला सांस और पेट की समस्या से परेशान हैं। उनके परिजन सुबह 10:45 पर अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में डॉक्टर को दिखाने के लिए ले गए। डॉक्टर ने भली-भांति उन्हें देखने के बाद कहा कि अस्पताल में वेंटिलेशन की पर्याप्त व्यवस्था नहीं है, इसलिए उन्हें दूसरी जगह ले जाना होगा।

ई-रिक्शा से मरीज को लेकर पहुंचे

बुजुर्ग महिला के बेटे संजय कुमार पेशे से अधिवक्ता हैं। उन्होंने अस्पताल में एंबुलेंस के लिए बात की, लेकिन किसी ने उनको जवाब नहीं दिया। संजय कुमार ने ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर पर रूखा व्यवहार करने का आरोप लगाया। सदर अस्पताल में एंबुलेंस उपलब्ध थी, लेकिन संजय कुमार ने अपनी मां को ऑक्सीजन लगाकर एंबुलेंस से घर तक ले जाने की के लिए 102 पर कॉल किया तो रिंग होने के बावजूद किसी ने जवाब नहीं दिया। अंत में थक हार कर संजय अपनी मां को एक ई रिक्शा पर घर ले गए।

ई-रिक्शा में मुश्किल से घर पहुंचीं

बुजुर्ग महिला को ऑक्सीजन लगी हुई थी। ऐसे में ई-रिक्शा सड़क पर हिल रहा था और हर गड्ढे पर सिलेंडर गिरने या ऑक्सीजन मास्क हटने को डर लग रहा था। वीडियो में देखा जा सकता है कि जब ई-रिक्शा सड़क से उतरता है तो ड्राइवर को बड़ी सावधानी के साथ धीमी गति से उसे नीचे उतारना पड़ता है। वहीं, जब बुजुर्ग महिला को ई-रिक्शा से उतारने की बारी आती है तब भी बहुत परेशानी होती है। ई-रिक्शा मरीजों को लाने-ले जाने के लिए नहीं बने होते हैं। ऐसे में मरीज के परिजन उन्हें पकड़कर बैठते हैं और गोद में उठाकर नीचे उतारते हैं।

Red Max Media
Author: Red Max Media

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

और पढ़ें